JMM Star Campaigners Assam Elections : असम के चुनावी समर में हेमंत सोरेन करेंगे प्रचार अभियान का नेतृत्व, पार्टी ने जारी की 20 स्टार प्रचारकों की लिस्ट
असम के चुनावी समर में हेमंत सोरेन करेंगे प्रचार अभियान का नेतृत्व, पार्टी ने जारी की 20 स्टार प्रचारकों की लिस्ट
Ranchi/Jharkhand : झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) ने पड़ोसी राज्य असम के विधानसभा चुनावों के लिए अपनी कमर कस ली है। झारखंड में सत्तासीन झामुमो अब असम के चुनावी मैदान में अपनी उपस्थिति दर्ज कराने के लिए पूरी तरह तैयार है। पार्टी की केंद्रीय समिति ने उम्मीदवारों के चयन के बाद अब अपने 20 स्टार प्रचारकों की आधिकारिक सूची जारी कर दी है। इस संबंध में झामुमो ने भारत निर्वाचन आयोग (ECI) को विस्तृत पत्र भेजकर अपनी चुनावी रणनीति और प्रचारकों के दौरों की जानकारी साझा की है।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन संभालेंगे मोर्चा
पार्टी द्वारा जारी पत्र के अनुसार, झामुमो के कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सोरेन असम में चुनाव प्रचार अभियान की कमान संभालेंगे। वह असम के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में जाकर पार्टी के पक्ष में जनसभाएं करेंगे और माहौल बनाएंगे। हेमंत सोरेन के अलावा पार्टी की कद्दावर नेता कल्पना मुर्मू सोरेन, राज्यसभा सांसद महुआ माजी, डॉ. लुईस मरांडी, सुप्रियो भट्टाचार्य और विनोद कुमार पांडेय को भी इस अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका सौंपी गई है।
इन दिग्गज नेताओं को मिली स्टार प्रचारक की जिम्मेदारी
झामुमो ने अपने अनुभवी और युवा नेताओं का एक संतुलित मिश्रण असम भेजा है। स्टार प्रचारकों की सूची में सरफराज अहमद, जोबा माझी, अभिषेक प्रसाद और पंकज मिश्रा के नाम शामिल हैं। इनके अलावा सुदिव्य कुमार, दीपक बिरुआ, चमरा लिंडा और योगेंद्र प्रसाद, विजय हांसदा, हफीजुल हसन, भूषण तिर्की और विकास मुंडा भी स्टार प्रचारकों की सूची में शामिल हैं।
एम टी राजा और आलोक सोरेन।
ये सभी नेता असम के विभिन्न भाषाई और जनजातीय क्षेत्रों में पार्टी की नीतियों और झारखंड मॉडल का प्रचार-प्रसार करेंगे।
निर्वाचन आयोग से विशेष पास और सुरक्षा का अनुरोध
झामुमो ने निर्वाचन आयोग को सूचित किया है कि उनके सभी स्टार प्रचारक हवाई, सड़क और रेल मार्ग के माध्यम से असम के कोने-कोने तक पहुँचेंगे। पार्टी ने लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 77(1) के तहत प्रचार अभियान के लिए आवश्यक अनुमति और वाहनों के लिए विशेष पास जारी करने का अनुरोध किया है। इसके साथ ही, झामुमो ने असम के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को पत्र की प्रति भेजकर मांग की है कि राज्य की सीमा के भीतर चुनाव प्रचार सुचारू और सुरक्षित तरीके से संपन्न हो सके, इसके लिए आवश्यक प्रशासनिक सहयोग सुनिश्चित किया जाए।
झामुमो की इस सक्रियता से स्पष्ट है कि पार्टी झारखंड के बाहर भी अपनी राजनीतिक जमीन तलाशने और आदिवासियों व झारखंडी मूल के लोगों को एकजुट करने की दिशा में गंभीर प्रयास कर रही है।

