जुगसलाई के दर्जन भर बूथों पर कब्जा कर की गई बोगस वोटिंग
● रद्द कर कड़ी सुरक्षा में कराया जाए पुनर्मतदान : रिंकू सिंह
● जिला निर्वाचन पदाधिकारी समेत राज्य व भारत निर्वाचन आयोग से की लिखित शिकायत और मांग
जमशेदपुर : जुगसलाई नगर परिषद चुनाव में अध्यक्ष पद की प्रत्याशी रिंकू सिंह ने जिला दंडाधिकारी सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी को एक पत्र के माध्यम से सोमवार को संपन्न मतदान में बूथ कैप्चरिंग, मारपीट और बोगस वोटिंग की शिकायत की है. रिंकू सिंह ने यह शिकायत विपक्षी उम्मीदवार नौशीन खान के खिलाफ की है, जिनके पति हिदायत खान के इशारे पर बूथ कैप्चरिंग, वोगस वोटिंग और मारपीट की गई है. आरोप लगाया कि इस चुनाव में बड़े पैमाने पर अनियमितता बरती गई है. रिंकू सिंह सोमवार को मतदान संपन्न होने के बाद जुगसलाई के चौक बाजार स्थित अपने चुनावी कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायत खान ने मतदान के दौरान पूरे दिन मंत्री का दर्जा प्राप्त होने का फायदा उठाने की कोई कसर नहीं छोड़ी. वे मतदान को प्रभावित करने के उद्देश्य से अपने बॉडीगार्ड और कई लड़कों के साथ सभी बूथों पर पहुंचे. इस दौरान उनके द्वारा और बूथ के अंदर जा कर लोगों को डराया धमकाया गया. रिंकू सिंह ने राज्य निर्वाचन आयुक्त, झारखंड से उक्त शिकायत करते हुए जानना चाहा है कि मतदान के समय मंत्री का दर्जा प्राप्त कोई व्यक्ति क्या सभी मतदान केंद्र पर अपने सुरक्षा कर्मी के साथ जा सकता है? क्या सैकड़ों लड़कों के साथ वाहन में सवार होकर मतदान केंद्र परिसर में प्रवेश कर सकते है? उन्होंने राज्य निर्वाचन आयुक्त से ऐसे आचरण पर रोक लगाने और उचित कार्रवाई का निर्देश देने की मांग की है.
रिंकू सिंह ने बताया कि मतदान के दौरान वार्ड संख्या 01, 02, 05, 06, 07, 09, 10, 11 एवं 13 के विभिन्न मतदान केंद्रों पर विपक्षी प्रत्याशी नौशीन खान के समर्थकों ने संगठित रूप से मतदान प्रक्रिया को प्रभावित किया.
कहा कि इन बूथों पर सुबह 8 बजे बूथ कैप्चरिंग की स्थिति उत्पन्न की गई व अधिकृत एजेंटों को मारपीट एवं धमकी देकर बाहर कर दिया गया. साथ ही बड़े पैमाने पर वोगस मतदान कराया गया. यही नही सेंट जॉन स्कूल में तो उनके दो पोलिंग एजेंटों को मारापीटा गया और कमरे में बंद करके रखा गया था.
अपरान्ह करीब 3 बजे जिले के उच्च अधिकारी इन वार्ड व बूथों पर पहुंचे, तब उनके पोलिंग एजेंटों को बूथ में बैठाया गया. अधिकारियों के जाने के आधा घंटा बाद वार्ड नंबर 1, 2, 4, 5, 6, 7, 9, 10, 11 व 13 के बूथों से उनके पोलिंग एजेंटों को फिर भगा दिया गया. मतदान केंद्र के 200 मीटर की परिधि में अवैध भीड़ एकत्र कर मतदाताओं पर दबाव बनाया गया.
उन्होंने जिला निर्वाचन पदाधिकारी से निवेदन किया कि उपरोक्त बूथों पर तत्काल मजिस्ट्रेट स्तरीय जांच कराई जाए व संबंधित बूथों की वीडियोग्राफी/सीसीटीवी/वेबकास्टिंग की जांच कराई जाए. साथ ही अतिरिक्त सशस्त्र पुलिस बल/केंद्रीय बल की तैनाती सुनिश्चित की जाए और जहां बूथ कैप्चरिंग या व्यापक बोगस मतदान प्रमाणित हो, वहां मतदान निरस्त कर पुनर्मतदान कराया जाए. उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य एवं भारत निर्वाचन आयोग एवं जिला प्रशासन इस गंभीर विषय पर तत्काल संज्ञान लेकर उचित कदम उठाएंगे. रिंकू सिंह ने पत्र की प्रतिलिपि राज्य निर्वाचन आयुक्त, झारखंड राज्य निर्वाचन आयोग, रांची, झारखंड तथा मुख्य निर्वाचचन आयुक्त, भारत निर्वाचन आयुक्त, नई दिल्ली को भी ई-मेल के माध्यम से प्रेषित की है.
प्रेसवार्ता में भाजपा जिलाध्यक्ष संजीव सिन्हा ने कहा कि इस तरह की गड़बड़ी की आशंका जताते हुए पहले ही जिला प्रशासन से पारा मिलिट्री फोर्स अथवा सीआरपीएफ की निगरानी में मतदान कराने का आग्रह किया गया था. बावजूद जिला प्रशासन ने मतदान में होमगार्डों की प्रतिनियुक्ति की. उन्होंने भी गड़बड़ी वाले बूथों पर हुए मतदान रद्द कर पुनर्मतदान कराने की मांग की। इस दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेता मनोज सिंह, मंडल अध्यक्ष हनु जैन समेत अन्य उपस्थित थे.
