समाज सेवी और शिक्षाविद श्री पारस नाथ मिश्रा रामदास सोरेन के घोड़ाबांधा आवास जा कर मिले उनके परिजनों से मिले और संवेदना व्यक्त की । श्री पारस नाथ मिश्रा उनके बड़े पुत्र सोमेश सोरेन से मिल कर उनका ढाढस बढ़ाया और आग्रह किया कि रामदास सोरेन जी के अधूरे सपने को पूरा करें । सोमेश सोरेन अभी बेहद दुख से गुजर रहे है और बेहद भावुक है । अपने पिता खोने का ग़म उनके आंखों से झलकता है और आंखें नम हो जाती है । पारस नाथ मिश्रा ने उन्हें कहा कि आपके कंधों पर बड़ी जिम्मेदारी है अपना मनोबल बढ़ा कर परिवार और समाज को उन्हें संभालना होगा ।