अनशन पर बिगड़ी सोनम वांगचुक की तबीयत, बढ़ा सियासी घमासान
जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का अनिश्चितकालीन अनशन अब तीसरे दिन में प्रवेश कर गया है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे इस प्रदर्शन के बीच उनकी तबीयत बिगड़ने की खबर सामने आई है। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रही कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का दावा है कि वांगचुक का ब्लड शुगर स्तर घटकर 66 mg/dL पहुंच गया है, जो सामान्य स्तर से काफी कम माना जाता है। इसे लेकर प्रदर्शनकारियों ने उनकी सेहत पर गंभीर चिंता जताई है।
प्रदर्शन के दौरान सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने दिल्ली पुलिस पर छात्रों के साथ बल प्रयोग करने का आरोप लगाया। उन्होंने यह भी दावा किया कि अनशन स्थल पर पोर्टेबल शौचालय लगाने की अनुमति नहीं दी गई और जंतर-मंतर के सार्वजनिक शौचालयों में पानी की सुविधा भी उपलब्ध नहीं थी, जिससे प्रदर्शनकारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। हालांकि, इन आरोपों पर संबंधित अधिकारियों की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
मंगलवार को जंतर-मंतर पर बड़ी संख्या में छात्र, युवा, किसान संगठनों के प्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता वांगचुक के समर्थन में पहुंचे। प्रदर्शन की शुरुआत दो मिनट का मौन रखकर की गई। परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बनता जा रहा है। वहीं, सोनम वांगचुक की स्वास्थ्य स्थिति पर सभी की निगाहें टिकी हैं, क्योंकि अनशन लंबा खिंचने के साथ स्वास्थ्य संबंधी जोखिम भी बढ़ते जा रहे हैं।
