सर्च न्यूज: सच के साथ: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दौरान तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कार्यकर्ताओं के बीच हुई हिंसक झड़पों पर भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने कड़ा रुख अपनाया है। आयोग ने शांतिपूर्ण और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए कई सख्त निर्देश जारी किए हैं:
निर्वाचन आयोग की प्रमुख कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों का निलंबन: आयोग ने “गंभीर कदाचार और निष्पक्षता बनाए रखने में विफलता” के कारण डायमंड हार्बर जिले के एडिशनल एसपी और एसडीपीओ सहित 5 पुलिस अधिकारियों को तत्काल निलंबित करने का आदेश दिया है।
NIA जांच के निर्देश: बम बनाने और हिंसा की गंभीर घटनाओं से जुड़े मामलों की जांच राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (NIA) को सौंपने का निर्देश दिया गया है ताकि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।
विशेष अभियान: राज्य भर के जिलों में दंगाइयों और उपद्रवियों की पहचान करने और उन्हें पकड़ने के लिए एक विशेष अभियान (special drive) शुरू करने के आदेश दिए गए हैं।
कोलकाता पुलिस से रिपोर्ट: चुनाव आयोग ने कोलकाता के गिरीश पार्क इलाके में हुई झड़प के दौरान केंद्रीय बलों का उपयोग न किए जाने को लेकर कोलकाता पुलिस आयुक्त से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
चुनाव के दौरान हिंसा की आशंका को देखते हुए आयोग ने राज्य में 2 लाख से अधिक केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती की है। पश्चिम बंगाल की सभी 294 सीटों पर चुनाव दो चरणों (23 अप्रैल और 29 अप्रैल 2026) में हो रहे हैं और नतीजे 4 मई 2026 को घोषित किए जाएंगे।