Kolhan university: कोल्हान विश्वविद्यालय में “Mission LiFE” के तहत पर्यावरण संकट विषय पर व्याख्यान एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित
सर्च न्यूज: सच के साथ: चाईबासा, 30 मई 2026 : कोल्हान विश्वविद्यालय, चाईबासा के राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) द्वारा “Mission LiFE” के अंतर्गत पर्यावरण संरक्षण एवं सतत विकास को बढ़ावा देने हेतु पर्यावरण संकट विषय पर एक दिवसीय व्याख्यान एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. सुनीता कुमारी, प्रभारी विभागाध्यक्ष, भूगोल विभाग, कोल्हान विश्वविद्यालय ने पर्यावरण संकट, जलवायु परिवर्तन, प्राकृतिक संसाधनों के अंधाधुंध दोहन तथा पर्यावरण संरक्षण हेतु जनभागीदारी की आवश्यकता पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “प्लास्टिक को कहें ना, शून्य प्रदूषण के सृजनकर्ता बनें।”उनके व्याख्यान के उपरांत उपस्थित प्रतिभागियों द्वारा Mission LiFE के पाँच प्रमुख संकल्प बिंदुओं को अपनाने की शपथ ली गई, जिनमें —ऊर्जा की बचत एवं जल संरक्षण को बढ़ावा देना।सिंगल यूज़ प्लास्टिक का उपयोग बंद करना।स्वच्छता एवं कचरा प्रबंधन को जीवनशैली का हिस्सा बनाना।पर्यावरण अनुकूल एवं टिकाऊ जीवनशैली अपनाना।वृक्षारोपण एवं जैव विविधता संरक्षण के लिए सक्रिय योगदान देना।इस अवसर पर माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) अंजिला गुप्ता ने अपनी शुभकामनाएँ प्रेषित करते हुए सभी सदस्यों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों को “एक व्यक्ति–एक पौधा” अभियान को अपनाने तथा अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने के लिए प्रेरित किया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. परशुराम सियाल, डीन, सामाजिक विज्ञान संकाय, कोल्हान विश्वविद्यालय ने युवाओं को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक एवं जिम्मेदार बनने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण केवल एक अभियान नहीं बल्कि भविष्य की पीढ़ियों के लिए सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास है।कार्यक्रम के अंतर्गत विश्वविद्यालय परिसर में वृक्षारोपण किया गया, जिसमें राष्ट्रीय सेवा योजना के 100 पीजी स्वयंसेवकों ने सक्रिय सहभागिता निभाई। वृक्षारोपण के दौरान कुलसचिव डॉ. रंजीत कुमार कर्ण ने विद्यार्थियों से अपील करते हुए कहा कि वे केवल पौधा लगाकर अपनी जिम्मेदारी समाप्त न समझें, बल्कि अपने पूरे शैक्षणिक सत्र के दौरान उसकी देखभाल भी करें।कार्यक्रम की संयोजक डॉ. मीनाक्षी मुंडा, निदेशक, राष्ट्रीय सेवा योजना, कोल्हान विश्वविद्यालय थीं। सह-संयोजक के रूप में डॉ. जैक्लिन तिर्की, कार्यक्रम पदाधिकारी, राष्ट्रीय सेवा योजना एवं सहायक प्राध्यापक डॉ. कंचन कच्छप ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।इस अवसर पर डॉ. तनुजा मोहंती, सहायक प्राध्यापक, भूविज्ञान विभाग, जुरा बारी, शिक्षण सहायक, मानवशास्त्र विभाग, रोहित कुड़ादा, शिक्षण सहायक, भूगोल विभाग तथा पीएच.डी. शोधार्थीगण भी उपस्थित रहे।कार्यक्रम के अंत में डॉ. कंचन कच्छप द्वारा धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया गया। उन्होंने मुख्य अतिथि, वक्ता, विश्वविद्यालय प्रशासन, शिक्षकों, स्वयंसेवकों एवं सभी प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में पर्यावरण संरक्षण, हरित जीवनशैली तथा सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को प्रोत्साहित करना था।
