PM Modi met President Min Aung Hlaing:पीएम मोदी और राष्ट्रपति मिन आंग ह्लाइंग के बीच हैदराबाद हाउस में द्विपक्षीय वार्ता; सीमा सुरक्षा और व्यापार पर चर्चा
सर्च न्यूज: सच के साथ: म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ नई दिल्ली के हैदराबाद हाउस में व्यापक द्विपक्षीय वार्ता की। इस बैठक के दौरान, म्यांमार ने भारत को औपचारिक रूप से आश्वासन दिया कि उसकी संप्रभु भूमि का उपयोग भारत के सुरक्षा हितों के खिलाफ किसी भी शत्रुतापूर्ण गतिविधि के लिए नहीं होने दिया जाएगा। यह आश्वासन भारत के लिए रणनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि दोनों देश लगभग 1,640 किलोमीटर लंबी संवेदनशील सीमा साझा करते हैं, जहाँ मणिपुर और नगालैंड जैसे क्षेत्रों में विद्रोही समूहों की सक्रियता एक बड़ी चुनौती रही है।
सुरक्षा के अलावा, दोनों नेताओं ने व्यापार, अर्थव्यवस्था और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करने पर भी चर्चा की। भारत और म्यांमार ने कालादान मल्टी-मोडल ट्रांजिट ट्रांसपोर्ट प्रोजेक्ट और भारत-म्यांमार-थाईलैंड त्रिपक्षीय राजमार्ग जैसी प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को जल्द पूरा करने की प्रतिबद्धता दोहराई। इसके साथ ही, दोनों देशों ने द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाने के लिए “रुपया-क्यात” (Rupee-Kyat) व्यापार तंत्र के उपयोग और दुर्लभ मृदा (rare earths) जैसे रणनीतिक खनिजों के क्षेत्र में सहयोग को आगे बढ़ाने पर सहमति जताई।प्रधानमंत्री मोदी ने इस वार्ता में म्यांमार की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के प्रति भारत के समर्थन को रेखांकित किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत, अपनी ‘नेबरहुड फर्स्ट’ (Neighborhood First) और ‘एक्ट ईस्ट’ (Act East) नीतियों के अनुरूप, म्यांमार का एक भरोसेमंद पड़ोसी और संकट के समय सबसे पहले मदद करने वाला साथी बना रहेगा। बैठक में म्यांमार में जारी शांति प्रक्रिया और संघीय शासन के अनुभवों को साझा करने जैसे आंतरिक मुद्दों पर भी चर्चा हुई।राष्ट्रपति ह्लाइंग की यह पांच दिवसीय आधिकारिक यात्रा (30 मई से 3 जून 2026) उनके कार्यभार संभालने के बाद पहली विदेश यात्रा है। दिल्ली में बैठकों के अलावा, उनके कार्यक्रम में बोधगया की धार्मिक यात्रा और मुंबई में व्यापारिक समुदायों के साथ संवाद भी शामिल है। इस यात्रा को दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक और सभ्यतागत संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाले एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।