IIM Indore to study the ‘mindset’ of Vaibhav Suryavanshi”:”क्रिकेट की पिच से सीधे IIM की किताबों तक! 15 साल के वैभव सूर्यवंशी के ‘माइंडसेट’ पर स्टडी करेगा IIM इंदौर।”
सर्च न्यूज: सच के साथ: वैभव सूर्यवंशी की कहानी को एक “नो एक्सक्यूज माइंडसेट” (कोई बहाना नहीं वाली मानसिकता) के उदाहरण के रूप में देखा जा रहा है। उनकी सफलता की यह यात्रा समाज और खेल प्रेमियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी हुई है।
IIM इंदौर यह पता लगाने की कोशिश करेगा कि वैभव ने केवल 15 साल की उम्र में कैसे खुद को एक ‘सिक्सर किंग’ के रूप में स्थापित किया। शोधकर्ता उनके ‘माइंडसेट-मैनेजमेंट’ का विस्तृत स्कैन करेंगे ताकि उनकी मानसिक दृढ़ता और खेल के प्रति रणनीति को समझा जा सके वैभव सूर्यवंशी ने IPL 2026 के सीजन में शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 72 छक्के जड़े हैं। उनके इस आक्रामक खेल और निरंतरता ने उन्हें खेल जगत में ‘बेबी बॉस’ की पहचान दिलाई है।
शोध का एक बड़ा हिस्सा इस बात पर केंद्रित होगा कि एक किशोर खिलाड़ी दबाव वाली परिस्थितियों को कैसे संभालता है। संस्थान यह समझने की कोशिश करेगा कि किस तरह का प्रबंधन और मानसिक तैयारी वैभव को मैदान पर इतने बड़े शॉट खेलने में मदद करती है।यह अध्ययन न केवल वैभव के करियर के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि यह भविष्य के युवा एथलीटों के लिए भी एक मिसाल पेश कर सकता है। IIM इंदौर जैसे प्रतिष्ठित संस्थान द्वारा की गई यह स्टडी खेल मनोविज्ञान और युवा प्रतिभा प्रबंधन के नए आयाम खोल सकती है।
