मारवाड़ी समाज का बड़ा मंथन: झारखंड में संगठन विस्तार का रोडमैप तैयार, कई अहम फैसलों पर लगी मुहर
रांची/जमशेदपुर:झारखंड प्रांतीय मारवाड़ी सम्मेलन की स्टैंडिंग कमेटी की बैठक सिर्फ एक औपचारिक बैठक नहीं रही, बल्कि इसे समाज के भविष्य की दिशा तय करने वाले महत्वपूर्ण मंथन के रूप में देखा गया। प्रदेश के विभिन्न जिलों से पहुंचे पदाधिकारियों और प्रतिनिधियों ने संगठन को मजबूत बनाने, युवाओं को जोड़ने और सामाजिक गतिविधियों को नई गति देने पर विस्तार से चर्चा की।
बैठक में विभिन्न जिलों की गतिविधियों की समीक्षा की गई और उन क्षेत्रों की पहचान की गई जहां संगठन को और मजबूत बनाने की आवश्यकता है। प्रतिनिधियों ने सुझाव दिया कि युवाओं और महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएं, ताकि संगठन की पहुंच समाज के हर वर्ग तक हो सके।
चर्चा के दौरान सामाजिक सेवा, शिक्षा सहायता, स्वास्थ्य शिविर और सांस्कृतिक कार्यक्रमों को लेकर भी कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव सामने आए। पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सम्मेलन का उद्देश्य केवल संगठन चलाना नहीं, बल्कि समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों तक सहायता पहुंचाना भी है।
बैठक का सबसे महत्वपूर्ण संदेश रहा—”एकजुट समाज ही मजबूत समाज होता है।” इसी सोच के साथ आने वाले महीनों में कई बड़े सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की गई, जिनका लाभ पूरे प्रदेश के समाजबंधुओं को मिलेगा।
बैठक के अंत में उपस्थित प्रतिनिधियों ने संगठन को और अधिक प्रभावी, आधुनिक और जनहितकारी बनाने का संकल्प लिया। समाज के वरिष्ठ सदस्यों का मानना है कि यह बैठक आने वाले समय में झारखंड के मारवाड़ी समाज के लिए एक नई शुरुआत साबित हो सकती है।
(समापन लाइन)**”जब समाज संवाद करता है, तभी विकास का नया अध्याय लिखा जाता है — और इस बैठक ने उसी दिशा में एक मजबूत कदम बढ़ाया है।”**
