June 24, 2026

MP count drops below 5: सांसदों की संख्या हुई 5 से कम: शिवसेना (UBT) को खाली करना पड़ सकता है लोकसभा ऑफिस

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सर्च न्यूज: सच के साथ: शिवसेना (UBT) को संसद भवन (Samvidhan Sadan) में अपने मौजूदा आवंटित कार्यालय (कमरा नंबर 128A) को खोने का एक बड़ा खतरा पैदा हो गया है, क्योंकि पार्टी के भीतर हुई हालिया बगावत के बाद लोकसभा में उसके सांसदों की संख्या निर्धारित सीमा से कम हो गई है। संसद के स्थापित नियमों के मुताबिक, किसी भी राजनीतिक दल को संसद भवन परिसर में अलग कार्यालय या स्पेस आवंटित किए जाने के लिए लोकसभा और राज्यसभा को मिलाकर कम से कम 5 या उससे अधिक सांसदों का होना अनिवार्य होता है।

यह पूरा राजनीतिक संकट तब गहराया जब शिवसेना (UBT) के कुल 9 लोकसभा सांसदों में से 6 बागी सांसदों ने मुंबई में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली मूल शिवसेना का दामन थाम लिया। इस बड़ी टूट के बाद उद्धव ठाकरे गुट के पास लोकसभा में केवल 3 सदस्य (अरविंद सावंत, अनिल देसाई और राजाभाऊ वाजे) ही शेष रह गए हैं। यदि इसमें उनके एकमात्र राज्यसभा सांसद संजय राउत को भी जोड़ दिया जाए, तो संसद के दोनों सदनों को मिलाकर उनकी कुल संख्या केवल 4 ही रह जाती है, जो कि कार्यालय आवंटन के लिए जरूरी 5 के आंकड़े से कम है। इस अभूतपूर्व बगावत के बाद, उद्धव ठाकरे के सबसे करीबी माने जाने वाले सांसद अनिल देसाई और अरविंद सावंत स्थिति को संभालने और कानूनी विकल्पों पर विचार करने के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से उनके चैंबर में मुलाकात करने वाले हैं। इस मुलाकात के दौरान दोनों नेता लोकसभा स्पीकर के समक्ष अपना पक्ष रखेंगे और बागी सांसदों के खिलाफ पार्टी व्हिप के उल्लंघन व अन्य कानूनी पहलुओं को लेकर अपनी आपत्तियां दर्ज कराएंगे।

महाराष्ट्र की राजनीति में पिछले 4 वर्षों में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व के खिलाफ यह दूसरी सबसे बड़ी बगावत मानी जा रही है, जो जून 2022 में हुई 40 विधायकों की टूट के बाद अब सीधे उनके संसदीय दल पर प्रहार कर रही है। मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने सभी 6 बागी सांसदों (संजय दीना पाटिल, संजय देशमुख, नागेश पाटिल अष्टिकर, ओमराजे निंबालकर, संजय जाधव और भाऊसाहेब वाकचौरे) का स्वागत करते हुए इसे बालासाहेब ठाकरे के वास्तविक विचारों और हिंदुत्व को बचाने की लड़ाई का हिस्सा बताया है। लोकसभा अध्यक्ष द्वारा इस विलय को आधिकारिक मंजूरी दिए जाने के बाद इस कार्यालय के छिनने की औपचारिकता पूरी होने की संभावना जताई जा रही है।