डिप्रेशन से मुक्ति का गुप्त रहस्य अष्टांग योग और कीर्तन में निहित :सुनील आनंद
जमशेदपुर। आनंद मार्ग प्रचारक संघ की ओर से सोनारी और कदमा यूनिट में विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर तत्वसभा का आयोजन किया गया। विषय था— “जड़ वस्तु से विशेष आकर्षण अवसाद का मूल कारण है। सभा को संबोधित करते हुए आनंद मार्ग के प्रवक्ता सुनील आनंद ने कहा कि जड़ वस्तु के प्रति अत्यधिक आकर्षण ही अवसाद (डिप्रेशन) की जड़ है। इसलिए आप लोग अधिक से अधिक “बाबा नाम केवलम्” कीर्तन करे। उनका कहना था कि अनन्य भाव से किया गया कीर्तन मन को जड़ वस्तुओं से ऊपर उठाकर शांति और आनंद प्रदान करता है।

उन्होंने पतंजलि योगसूत्र (अध्याय 2.3) का उल्लेख करते हुए कहा कि अवसाद के मूल कारण ये पांच प्रमुख कारण है।
- अविद्या (अज्ञानता)
- अस्मिता (अहंकार)
- राग (आसक्ति)
- द्वेष (विरक्ति)
- अभिनिवेश (मृत्यु का भय)
