July 1, 2026

CM Hemant Soren takes major action regarding the Jamshedpur murder case: “जमशेदपुर हत्याकांड पर सीएम हेमंत सोरेन का बड़ा एक्शन, पूर्वी सिंहभूम के SSP और सरायकेला के SP हटाए गए”

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सर्च न्यूज: सच के साथ: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जमशेदपुर (पूर्वी सिंहभूम) के एसएसपी पीयूष पांडेय और सरायकेला-खरसावां की एसपी निधि द्विवेदी को कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफलता और लापरवाही के आरोप में तत्काल प्रभाव से हटा दिया है। दोनों अधिकारियों को पद से हटाकर रांची पुलिस मुख्यालय से संबद्ध (attach) कर दिया गया है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर मंगलवार रात (30 जून 2026) को इस कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी दी

शीर्ष अफसरों को हटाने का निर्णय: विधि-व्यवस्था बनाए रखने में नाकामी तथा बढ़ते अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण न लगा पाने के कारण दोनों पुलिस कप्तानों को हटाया गया।

सीनियर अधिकारियों को कमान: क्षेत्र में स्थिति सुधारने के लिए चाईबासा के आयुक्त (कमिश्नर रवि रंजन विक्रम) और रांची के एडीजी (मनोज कौशिक) को तत्काल कोल्हान क्षेत्र में ही कैंप करने का आदेश दिया गया है। वे प्रतिदिन की स्थिति की समीक्षा करेंगे।

जमशेदपुर में डीआईजी की तैनाती: कोल्हान के डीआईजी अनुरंजन किस्पोट्टा को खुद जमशेदपुर में रहकर कानून-व्यवस्था की सीधी निगरानी करने को कहा गया है।

जवाबदेही पर सख्त रुख: मुख्यमंत्री ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जनता की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी। किसी भी स्तर पर लापरवाही या जवाबदेही से बचने की अनुमति नहीं मिलेगी।

क्या था पूरा मामला?

यह त्वरित और बड़ा एक्शन जमशेदपुर के बिष्टुपुर थाना क्षेत्र में स्थित ‘डबल डाउन’ (DD) बार के बाहर हुई एक बेहद वीभत्स घटना के बाद उपजे भारी जन-आक्रोश के कारण लिया गया है। वीकेंड (शनिवार की रात) पर बार के भीतर छेड़खानी को लेकर दो गुटों में झड़प हुई थी। जब करणी सेना के नेता हिमांशु सिंह और उनके दोस्त बीच-बचाव करने गए, तो विवाद बढ़ गया।आरोप है कि बाद में पुलिस वैन की मौजूदगी के बावजूद अपराधियों ने हिमांशु सिंह को खींचकर उन पर चाकू और चापड़ से ताबड़तोड़ हमला किया। इलाज के दौरान 29 जून को उनकी मृत्यु हो गई। पुलिस की इस निष्क्रियता और विफलता के बाद विपक्ष और जनता ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए थे। इस मामले में बिष्टुपुर के थाना प्रभारी आलोक कुमार दुबे को पहले ही निलंबित किया जा चुका है और संबंधित बार को भी सील कर दिया गया है।