उपायुक्त राजीव रंजन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी जानकारी, 33 बिंदुओं पर जुटेगा डाटा
जनगणना से तय होती हैं विकास योजनाएं : उपायुक्त
जमशेदपुर : भारत की जनगणना 2027 के प्रथम चरण को लेकर गुरुवार को उपायुक्त राजीव रंजन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने बताया कि झारखंड में जनगणना का पहला चरण 16 मई 2026 से 14 जून 2026 तक संचालित होगा. इस दौरान मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना की जाएगी. उपायुक्त ने बताया कि आम नागरिकों की सुविधा के लिए 1 मई से 15 मई 2026 तक स्व-गणना की सुविधा उपलब्ध कराई गई है. नागरिक https://se.census.gov.in पोर्टल पर जाकर स्वयं अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं. उन्होंने लोगों से अपील की कि निर्धारित अवधि में इस सुविधा का अधिकाधिक लाभ उठाएं. उपायुक्त ने कहा कि जनगणना एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्यक्रम है, जिसके आधार पर विभिन्न विकास योजनाओं का निर्माण और क्रियान्वयन किया जाता है. उन्होंने नागरिकों से सही और पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराने की अपील की. प्रेस कॉन्फ्रेंस में उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, अपर उपायुक्त संतोष गर्ग, जिला परिवहन पदाधिकारी धनंजय, जिला सांख्यिकी पदाधिकारी मोजाहिद अंसारी, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी पंचानन उरांव सहित कई अधिकारी मौजूद थे.
33 बिंदुओं पर ली जाएगी जानकारी
जनगणना के प्रथम चरण में प्रगणकों द्वारा मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना के तहत 33 बिंदुओं पर जानकारी एकत्र की जाएगी. इसमें मकान की संरचना, उपयोग, स्थिति, परिवार के सदस्यों की संख्या, सामाजिक वर्ग, पेयजल, शौचालय, बिजली, इंटरनेट, मोबाइल, वाहन सहित अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी जानकारी शामिल है.
जिले में व्यापक तैयारी, दूसरा चरण फरवरी 2027 में
जनगणना कार्य के लिए जिले में 22 जनगणना पदाधिकारी, 15 सहायक चार्ज पदाधिकारी, 11 प्रखंड चार्ज और 4 शहरी चार्ज बनाए गए हैं. जिले में 4809 मकान सूचीकरण ब्लॉक बनाए गए हैं. प्रत्येक 600 से 800 की आबादी पर एक ब्लॉक निर्धारित किया गया है. इस कार्य के लिए 4602 प्रगणक (10 प्रतिशत रिजर्व सहित) और 778 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं, जिन्हें प्रशिक्षण दिया जा चुका है. बताया कि प्रथम चरण के सत्यापन के बाद 9 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक जनसंख्या गणना का कार्य किया जाएगा.